उत्तराखण्ड में अपराधियों के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है। महज़ 24 घंटे के भीतर दूसरी बड़ी कार्रवाई करते हुए एसटीएफ और रुद्रपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने दो शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से तीन अवैध तमंचे और दस जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपी उत्तर प्रदेश और उत्तराखण्ड में सक्रिय आपराधिक गैंग से जुड़े हुए हैं और इनके खिलाफ हत्या के प्रयास सहित कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ के कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए मुख्यमंत्री के निर्देश पर पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ ने एसटीएफ को गैंगस्टरों, सक्रिय अपराधियों और अवैध हथियार तस्करों के खिलाफ सख्त अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। इसी क्रम में एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने टीमों को सक्रिय अपराधियों और अवैध हथियारों के नेटवर्क पर लगातार कार्रवाई करने के आदेश दिए थे।
इन्हीं निर्देशों के तहत 13 मार्च को एसटीएफ ने रुद्रपुर पुलिस के साथ संयुक्त अभियान चलाकर महज़ 24 घंटे के भीतर दूसरी बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। इस दौरान दो कुख्यात अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान जितेन्द्र वीरत चौधरी, निवासी सुभाषनगर डिबडिबा थाना बिलासपुर जिला रामपुर (उत्तर प्रदेश) और सुमित राठौर, निवासी आजादनगर थाना ट्रांजिट कैम्प जनपद ऊधमसिंह नगर (उत्तराखण्ड) के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार जितेन्द्र वीरत चौधरी रामपुर जिले के बिलासपुर थाने में दर्ज हत्या के प्रयास (धारा 307 आईपीसी) के मामले में वांछित चल रहा था। दोनों आरोपियों पर उत्तर प्रदेश और उत्तराखण्ड के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास सहित कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं और दोनों लंबे समय से सक्रिय आपराधिक गिरोह से जुड़े हुए थे।
एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने बताया कि पिछले 24 घंटों में की गई कार्रवाई के दौरान एसटीएफ ने कुल तीन कुख्यात अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से छह अवैध तमंचे और 21 कारतूस बरामद किए गए हैं। इस कार्रवाई से उत्तराखण्ड–उत्तर प्रदेश बॉर्डर पर सक्रिय दो आपराधिक गैंगों के नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है।
पुलिस का कहना है कि समय रहते की गई इस कार्रवाई से कुमाऊं क्षेत्र में होने वाली कई संभावित बड़ी आपराधिक घटनाओं को टाल दिया गया है। पूछताछ के दौरान आरोपियों से अवैध हथियारों की सप्लाई चेन से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुराग भी मिले हैं, जिनके आधार पर आगे और बड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।




