उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय कार्यालय में हुए हंगामे और मारपीट के मामले में पुलिस ने सख्त कदम उठाते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। थाना रायपुर पुलिस ने जांच के दौरान प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, उपलब्ध साक्ष्य और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हिस्ट्रीशीटर अरविंद पुंडीर उर्फ कल्ली, लक्ष्मण नवानी, राकेश थपलियाल और अक्षय राणा को गिरफ्तार किया। सभी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
थाना रायपुर प्रभारी गिरीश नेगी ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, मारपीट करने और कार्यालय में तोड़फोड़ करने के पर्याप्त प्रमाण मिले हैं। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई की।
घटना 21 फरवरी को रायपुर क्षेत्र के ननूरखेडा स्थित निदेशालय कार्यालय में हुई। जानकारी के मुताबिक, उमेश शर्मा काऊ अपने समर्थकों के साथ एक विद्यालय का नाम भूमि दानदाताओं के नाम पर रखे जाने के विषय में चर्चा करने पहुंचे थे। इसी दौरान बातचीत ने विवाद का रूप ले लिया और कुछ लोगों ने कार्यालय में रखी कुर्सियां व अन्य सामान फेंकते हुए तोड़फोड़ की। घटना में मौजूद कुछ कर्मचारियों को चोटें भी आईं।
मामले में निदेशक अजय कुमार नौडियाल की शिकायत पर विधायक और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं विधायक के गनर कांस्टेबल सुशील रमोला की ओर से भी निदेशालय के कुछ अज्ञात कर्मचारियों के खिलाफ अलग प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रकरण की विस्तृत विवेचना जारी है।




