उत्तराखंड में बादल फटा, मौत का मंजर!

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उत्तराखंड में देर रात बादल फटने की घटना ने तबाही मचा दी है। प्रदेश के विभिन्न इलाकों में तेज बारिश, बाढ़ और भूस्खलन की वजह से कई जानें चली गईं, जबकि कुछ लोग अब भी लापता हैं।

देहरादून के प्रेमनगर क्षेत्र में बहने वाली परवाल टॉस नदी में बाढ़ के तेज बहाव में दस मजदूर बह गए थे। अब तक छह मजदूरों के शव बरामद किए गए हैं। इनमें से छह शव प्रेमनगर अस्पताल में परवाल क्षेत्र से लाए गए हैं। सहसत्रधारा से बह कर आए तीन मृतकों को कोरोनेशन अस्पताल में रखा गया है, जबकि एक व्यक्ति की मौत नया गांव क्षेत्र में हुई है। घटना के बाद नया गांव चौकी पुलिस मौके पर पहुंचकर पंचायतनामा कर रही है और आगे की कार्रवाई कर रही है।

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वहीं गुच्चू पानी क्षेत्र में अचानक आई बाढ़ के कारण एक स्कूटी मलबे में दब गई। राहत-बचाव कार्य जारी है, हालांकि किसी के घायल या लापता होने की पुष्टि अभी नहीं हुई है।

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देहरादून के टपकेश्वर के पास स्थित भगत सिंह कॉलोनी में शिखर फॉल के पास चार लोगों के बहने की सूचना है। राहत टीमों को मौके पर रवाना किया गया है, और उनकी तलाश जारी है।

विकासनगर क्षेत्र में स्थित कालसी-चकराता मोटर मार्ग पर जजरेड भूस्खलन जोन में पहाड़ी से गिरे पत्थर की चपेट में आने से एक स्कूटर सवार की मौके पर मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल की पहचान विनय के रूप में हुई है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दोनों व्यक्ति कालसी से साहिया की ओर जा रहे थे।

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इन घटनाओं के बाद प्रशासन, पुलिस, और आपदा प्रबंधन टीमें सक्रिय हो गई हैं। राज्य सरकार ने संवेदनशील इलाकों में रेस्क्यू ऑपरेशंस तेज कर दिए हैं। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए भी अलर्ट जारी किया है।

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