उत्तराखंड के कुमाऊं मंडल के काशीपुर निवासी किसान की आत्महत्या के मामले में बड़ा प्रशासनिक एक्शन सामने आया है। सरकार, शासन और पुलिस स्तर पर इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए कई अहम फैसले किए गए हैं। मामले की निष्पक्ष जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है, वहीं लापरवाही के आरोपों के बीच 12 पुलिस कर्मियों के तबादले भी कर दिए गए हैं।
जानकारी के अनुसार, जनपद ऊधमसिंहनगर के ग्राम पैगा, थाना आईटीआई क्षेत्र निवासी किसान श्री सुखवंत सिंह ने 10/11 जनवरी की रात काठगोदाम, हल्द्वानी में आत्महत्या कर ली थी। इस घटना को लेकर पुलिस मुख्यालय ने कड़े निर्देश जारी किए हैं।
प्रकरण से संबंधित सभी अभियोगों की गहन जांच के लिए पुलिस महानिरीक्षक एसटीएफ नीलेश आनंद भरणे की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय विशेष जांच दल का गठन किया गया है। इस SIT में पुलिस अधीक्षक चम्पावत अजय गणपति, क्षेत्राधिकारी टनकपुर सुश्री वंदना वर्मा, निरीक्षक दिवान सिंह बिष्ट (जनपद चम्पावत) तथा उपनिरीक्षक मनीष खत्री (जनपद चम्पावत) को शामिल किया गया है।
निष्पक्ष और पारदर्शी विवेचना सुनिश्चित करने के उद्देश्य से निलंबित तीन उपनिरीक्षक, एक अपर उपनिरीक्षक, एक मुख्य आरक्षी और सात आरक्षियों समेत कुल 12 पुलिस कर्मियों को तत्काल प्रभाव से गढ़वाल रेंज के जनपद चमोली और रुद्रप्रयाग स्थानांतरित कर दिया गया है।
इसके साथ ही, इस मामले से जुड़े सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और मृतक द्वारा ई-मेल के माध्यम से की गई शिकायत की भी जांच के निर्देश दिए गए हैं। शिकायत में स्थानीय व्यक्तियों और ऊधमसिंहनगर पुलिस के अधिकारियों व कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस मुख्यालय ने इन आरोपों की तथ्यों के आधार पर विस्तृत जांच कर नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।




