चैत्र शुक्ल प्रतिपदा पर आरएसएस ने किया पथ संचलन

ख़बर शेयर करें -

नैनीताल। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा विक्रमी संवत 2082 के उपलक्ष्य में नगर के डीएसए मैदान में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) द्वारा एकत्रीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान आरएसएस के गणवेश में स्वयंसेवक एकत्र हुए।

कार्यक्रम की शुरुआत संघ के संस्थापक सर संघचालक केशव बलिराम हेडगेवार के जन्मदिन के अवसर पर सामूहिक आद्य सर संघचालक प्रणाम से हुई। मुख्य वक्ता के रूप में उत्तराखंड प्रांत के प्रांत सह प्रचार प्रमुख डॉक्टर बृजेश वनकोटि ने अपने उद्बोधन में डॉक्टर हेडगेवार के जीवन और कार्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि हेडगेवार ने हिंदू राष्ट्र की परिकल्पना की और सन 1925 में संघ की नींव रखी, जिसके बाद यह आज विश्व का सबसे बड़ा संगठन बन गया।

यह भी पढ़ें 👉  रामनगर: वन माफियाओं पर वन विभाग का शिकंजा, 23 वन अपराधों में वांछित आरोपी गिरफ्तार

उन्होंने आगे कहा कि भारतीय संस्कृति को संजोए रखने और राष्ट्र को परम वैभव तक पहुंचाने के लिए संघ के शताब्दी वर्ष में हर घर तक संघ पहुंचाना जरूरी है।

यह भी पढ़ें 👉  बदल रहा उत्तराखंड! हल्द्वानी बेस अस्पताल में आधुनिक ICU और नैनीताल में बना कुमाऊँ का सबसे बड़ा आयुर्वेदिक चिकित्सालय

कार्यक्रम के अंत में नगर में मल्ली बाजार से तल्लीताल होते हुए पथ संचलन का आयोजन किया गया, जो डीएसए मैदान में समाप्त हुआ। इस अवसर पर नगर संघ चालक तेज सिंह बिष्ट, नगर कार्यवाह उमेश बिष्ट, भरत भट्ट, नवीन बात, नगर विस्तारक आशीष, प्रभात कांडपाल सहित अन्य संघ सदस्य उपस्थित रहे।

Ad_RCHMCT