उत्तराखंड के नगर निकायों में अनियमित नियुक्तियों पर सख्त कार्रवाई, सेवाएं होंगी समाप्त

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उत्तराखंड के नगर निकायों में स्वीकृत पदों के अलावा आउटसोर्स, संविदा और दैनिक वेतन कर्मचारियों की नियुक्ति अब समाप्त की जाएगी। शहरी विकास विभाग ने इस संबंध में कार्रवाई शुरू कर दी है, और शासन ने एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट मांगी है।

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सचिव शहरी विकास नितेश झा द्वारा जारी आदेश के अनुसार, 12 जून 2015 के पुनर्गठित ढांचे में स्वीकृत पदों से इतर कोई भी नियुक्ति अवैध मानी जाएगी। जिन निकायों ने शासन की अनुमति के बिना नियुक्तियां की हैं, उन कर्मचारियों की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी जाएंगी।

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इसके अलावा, जिन अधिकारियों ने अनियमित वेतन जारी किया है, उनसे इसकी वसूली की जाएगी। यह कदम शहरी निकायों में हुए अवैध नियुक्तियों के खिलाफ उठाया जा रहा है, और एक सप्ताह में इस पर पूरी रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया गया है।

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