कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के ढेला रेंज स्थित रेस्क्यू सेंटर में एक लगभग 20 वर्ष आयु के नर बाघ की मौत हो गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बाघ की मृत्यु वृद्धावस्था के कारण होना प्रतीत हो रहा है।
बताया गया कि इस बाघ को वर्ष 2019 में रामनगर स्थित कॉर्बेट टाइगर रिजर्व से रेस्क्यू कर नैनीताल जू भेजा गया था, जिसके बाद 2025 में उसे ढेला रेस्क्यू सेंटर में स्थानांतरित किया गया था। बाघ उम्रदराज था और उसकी स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही थी।
बाघ का पोस्टमार्टम विशेषज्ञ पशु चिकित्सकों की टीम द्वारा किया गया, जिसमें वरिष्ठ चिकित्सकों और वन विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी रही। पोस्टमार्टम के बाद सभी औपचारिकताएं पूरी कर शव का नियमानुसार निस्तारण कर दिया गया।
पूरी प्रक्रिया के दौरान वन विभाग के अधिकारी, चिकित्सक दल और अन्य संबंधित कर्मचारी मौजूद रहे, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि सभी कार्यवाही नियमों के अनुसार पारदर्शी तरीके से पूरी हो।




