उत्तराखंड आए पाकिस्तानी जायरीनो ने कहीं यह बड़ी बात

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प्रदेश मे पाकिस्तानी जायरीनों का एक जत्था शुक्रवार की सुबह ट्रेन से रुड़की रेलवे स्टेशन पर पहुंचा। यहां से कड़ी सुरक्षा के बीच उन्हें रोडवेज की बसों से कलियर लाया गया। चार साल के बाद पाक जायरिनों का जत्था विश्व प्रसिद्ध दरगाह पिरान कलियर के 754 वें सालाना उर्स में शामिल होने के लिए शुक्रवार सुबह 6 बजे लाहौरी एक्सप्रेस से रुड़की रेलवे स्टेशन पहुंचा।

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रुड़की पहुंचने पर दरगाह प्रबंधक शफीक अहमद उर्स मेले कमेटी के संयोजक अंतरराष्ट्रीय शायर अफजल मंगलौरी, समाजसेवी ईश्वर लाल शास्त्री समेत कई लोगों ने पाक जायरीनों का स्वागत किया। इस दौरान पाक जत्थे के टीम लीडर रियाज साबरी ने कहा कि भारत आकर जो प्यार मिला है उसे वह कभी भूल नहीं पाएंगे।

उन्होंने कहा कि हर साल इस धरती पर आने की तमन्ना रखते हैं। नफरत से दूरियां बढ़ती है। जबकि इबादत और मोहब्बत दूरियों को मिटाती है। हम दोनों मुल्कों की सरकारों से अपील करते हैं कि वह एक दूसरे की अवाम के आने जाने के लिए रस्ता खोलें । पाक जायरीनों ने कहा कि वे साबिर पाक से दुआ करेंगे की दोनों मुल्कों के लोगों के बीच मोहब्बत ओर भाईचारे के रिश्ते को और अधिक मजबूत करें।

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इसके बाद जायरीनों को भारी पुलिस बल के साथ रोडवेज की छह बसों से पिरान कलियर ले जाया गया। यहां उन्हें साबरी गेस्ट हाउस में ठहराया गया। पाक जायरीनों की सुरक्षा के लिए पुलिस फोर्स सहित खुफिया विभाग के अधिकारी लगाए गए हैं। पाक जायरीन 12 अक्तूबर को लाहौरी से अपने वतन लौट जाएंगे।

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