प्रभाकर की पहल ने जगाई छात्र-छात्राओं मे नई उम्मीद

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चन्द्रशेखर जोशी

रामनगर:-एमपी हिंदू इंटर कॉलेज में मनोविज्ञान के शिक्षक डॉ. प्रभाकर पाण्डे द्वारा छात्र छात्राओं को शिक्षा के प्रति प्रेरित करने के लिए शुरू की गई मुहिम “पहल एक उम्मीद” के सार्थक परिणाम आने पर अभिवावकों ने प्रसन्नता व्यक्त की है। इस मुहिम से प्रेरित आठ विद्यार्थियों ने मेरिट लिस्ट में शामिल होकर विद्यालय का नाम रोशन किया है।

विद्यालय के शिक्षक प्रभाकर पाण्डे द्वारा बोर्ड परीक्षाओं से पूर्व ही विद्यालय के विद्यार्थियों को शिक्षा से जोड़ने के लिए “पहल एक उम्मीद” नाम से अभियान शुरू कर विद्यार्थियों के घर घर जाकर अभिवावकों से उनके पालकों के विषय में जानकारी जुटानी शुरू कर दी थी। बच्चों के घर में व्यवहार, विषयों के डर सहित उनकी पढ़ाई के प्रत्येक पहलू पर चर्चा कर शिक्षक पाण्डे ने बच्चों को सफलता के लिए प्रेरित किया।

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इसके साथ ही उन्होंने अतिरिक्त कक्षाओं के माध्यम से भी बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रेरित किया। जिसके नतीजे में उनकी कक्षा के दो बच्चों ने मेरिट में जगह बनाई तो आधे से अधिक बच्चे प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए। अपनी मुहिम की इस सफलता से उत्साहित पाण्डे ने कहा कि शिक्षक के विद्यार्थी यदि कोई ट्यूशन या कोचिंग लें तो यह शिक्षक के लिए कोई अच्छी बात नहीं है।

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इसी सोच के कारण उन्होंने शिक्षा, शिक्षक, अभिवावक और विद्यार्थियों को एक ही कड़ी में जोड़ने का प्रयास किया। अभिवावकों को बच्चों की समस्याओं से अवगत कराकर उनका समाधान करवाया तो अभिवावकों ने भी उन्हें कई सुझाव दिए। अभियान के शुरू में सभी बच्चों के घर घर जाना मुश्किल भरा तो रहा लेकिन बाद में सबने इतना सहयोग किया कि आज उसके सार्थक परिणाम सामने हैं।

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पाण्डे ने इस मुहिम की सफलता में विद्यार्थियों को महत्त्वपूर्ण कड़ी बताते हुए कहा कि छात्रों का भी दायित्व है कि वह अपनी हर समस्या को शिक्षक के साथ साझा कर उसका निदान तलाशने की कोशिश करें। निजी विद्यालयों के मुकाबले सरकारी विद्यालयों की शिक्षा के सुधार का रास्ता दोतरफा होता है। एकतरफा जिम्मेदारी से विद्यार्थियों का भला नहीं होगा।

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