बड़ी खबर-उत्तराखण्ड राज्य में भारी बारिश से नदियों के जल स्तर में हो रही वृद्धि की संभावना को देखते हुए पांच डीएम को निर्देश

ख़बर शेयर करें -

Corbetthalchal uttarakhand weather
डयूटी ऑफिसर/अनु सचिव

राज्य आपातकालीन परिचालन केन्द्र,

सेवा में,

जिलाधिकारी

जनपद- हरिद्वार, देहरादून, नैनीताल, उत्तरकाशी, एवं टिहरी गढ़वाल।

देहरादूनः दिनांकः 06 सितम्बर, 2025

विषयः-

वर्षा के कारण उत्तराखण्ड राज्य के विभिन्न जनपदों में नदियों के जल स्तर में हो रही वृद्धि की संभावना को देखते हुए सावधानी बरतने के सम्बन्ध में।

महोदया / महोदय,

उपरोक्त विषयक में केन्द्रीय जल आयोग, कार्यालय अधिशासी अभियन्ता हिमालयी गंगा मण्डल, हरिद्वार से प्राप्त दैनिक जल स्तर एवं पुर्वानुमान दिनांक 06.09.2025 (प्रति संलग्न) के क्रम में गंगा-हरिद्वार व बाणगंगा-रायसी (जिला-हरिद्वार), सौंग-सत्यनारायण (जिला-देहरादून), कोसी-बेतालघाट (जिला-नैनीताल), यमुना-कथ्नौर, यमुना-नवगाँव व कमल-पुरोला (जिला-उत्तरकाशी) में जल स्तर चेतावनी स्तर से ऊपर प्रवाहित हो रही है साथ ही अगलर-अलगारपुर (जिला टिहरी गढ़वाल) में जल स्तर खतरे के निशान से ऊपर प्रवाहित हो रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  भाजपा के पूर्व प्रदेश प्रवक्ता वीरेंद्र सिंह बिष्ट के निधन पर सीएम धामी ने जताया गहरा दुःख: मोहब्बेवाला स्थित आवास पहुंचकर दी श्रद्धांजलि

अतः मुझे इस सम्बन्ध में निदेश हुआ है कि कृपया उक्त जनपदों में जलस्तर में हो रही वृद्धि के दृष्टिगत अपने-अपने जनपदों में निम्न सावधानियां बरतना सुनिश्चत करें :-

1. प्रत्येक स्तर पर तत्परता एवं सुरक्षा बनाये रखते हुए आवागमन में नियंत्रण बरता जाये। 2. किसी भी आपदा/दुर्घटना की स्थिति में त्वरित स्थलीय कार्यवाही करते हुए सूचनाओं का तत्काल आदान-प्रदान किया जायें।

यह भी पढ़ें 👉  'युवा शक्ति ही विकसित भारत की सबसे बड़ी परिवर्तनकारी ताकत': नई दिल्ली में ‘NeST Fest-2026’ में बोले सीएम धामी; पूर्वोत्तर के युवाओं से कहा—'उत्तराखंड आपका अपना घर है'

3. आपदा प्रबन्धन IRS प्रणाली के नामित समस्त अधिकारी एवं विभागीय नोडल अधिकारी हाई अलर्ट में रहेंगे।

4. समस्त राजस्व उपनिरीक्षक, ग्राम विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत अधिकारी अपने क्षेत्रों में बने रहेंगे।

5. समस्त चौकी/थाने भी आपदा सम्बन्धी उपकरणों एवं वायरलैस सहित हाई अलर्ट में रहेंगे।

6. उक्त अवधि में किसी भी अधिकारी/कर्मचारी के मोबाईल /फोन स्विच ऑफ नहीं रहेंगे।

7. अधिकारीगण बरसाती, छाता, टार्च, हैलमेट तथा कुछ आवश्यक उपकरण एवं सामग्री

अपने वाहनों में रखने हेतु उचित कार्यवाही करेंगे।

8. उक्त अवधि में लोगों के फंसे होने की स्थिति पर खाद्य सामग्री व मेडिकल सुविधा की व्यवस्था की जाये।

यह भी पढ़ें 👉  शिक्षक दिवस पर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन को दी श्रद्धांजलि: बोले—'राष्ट्र व समाज निर्माण में शिक्षकों की भूमिका सर्वोपरि'

9. असामान्य मौसम, भारी वर्षा की चेतावनियों के दौरान उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पर्यटकों के आवागमन की अनुमति न दी जाये।

10. नगर एवं कस्बाई क्षेत्रों में नालियों एवं कलवटों के अवरोधों को दूर किया जाये।

11. जिला सूचना अधिकारी उक्त सूचना को आम जनमानस तक दृश्य एवं प्रिन्ट मीडिया से प्रसारित करना सुनिश्चित करेंगे।

12. केन्द्रीय जल आयोग के लिंक http//ffs.india-water.gov.in से जलस्तर / खतरे की स्थिति की सतत मॉनिटरिंग (Real Time) करना भी सुनिश्चत करें।

Ad_RCHMCT