ओलावृष्टि से क्षतिग्रस्त फसलों का होगा त्वरित सर्वे और मुआवजा भुगतानः आयुक्त

ख़बर शेयर करें -

हल्द्वानी। कुमाऊं आयुक्त/सचिव मुख्यमंत्री, दीपक रावत की अध्यक्षता में कैंप कार्यालय हल्द्वानी में शुक्रवार को मंडल के कृषि एवं उद्यान विभाग की योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता की।

आयुक्त दीपक रावत ने समीक्षा के दौरान कहा कि जैविक कृषि को बढ़ावा देने, किसानों को आधुनिक कृषि यंत्र उपलब्ध कराने तथा पर्वतीय क्षेत्रों की पारंपरिक फसलों को पुनर्जीवित करने के प्रयासों को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सॉयल हेल्थ कार्ड वितरण की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए ताकि कृषकों को उनकी भूमि की गुणवत्ता की जानकारी मिल सके और वे वैज्ञानिक तरीके से खेती कर सकें।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड में विंटर टूरिज्म को मिलेगी नई उड़ान: नए पर्यटन स्थलों और सर्किट पैकेज पर मुख्य सचिव की समीक्षा; 15 दिन में फिर होगी बैठक

आयुक्त ने निर्देश दिए कि पर्वतीय क्षेत्रों में कृषि एवं उद्यान के माध्यम से आमजन की आय बढ़ाने हेतु ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि किसानों को बेहद कम ब्याज दर पर निश्चित धनराशि ऋण स्वरूप प्रदान की जाए ताकि वे कृषि या उद्यान आधारित रोजगारपरक योजनाएं प्रारंभ कर सकें।

यह भी पढ़ें 👉  कार्बेट टाइगर रिजर्व: ढेला रेस्क्यू सेन्टर में उपचाराधीन नर बाघ की मौत, NTCA गाइडलाइन के तहत हुआ पोस्टमार्टम

दीपक रावत ने कहा कि कृषि एवं उद्यान क्षेत्रों में नवाचार के जरिए पर्वतीय अंचल में आर्थिक क्रांति लाई जा सकती है। उन्होंने हाल ही में ओलावृष्टि से हुई फसलों की क्षति पर चिंता व्यक्त करते हुए उद्यान विभाग को निर्देश दिए कि प्रभावित किसानों का शीघ्र आकलन कर उन्हें फसल बीमा योजना के तहत मुआवजा उपलब्ध कराया जाए।

संयुक्त निदेशक उद्यान, अजय पाल, को आड़ू, खुमानी, सेव और सब्ज़ियों की फसलों को हुए नुकसान का आंकलन कर फसल बीमा की धनराशि समयबद्ध रूप से किसानों को दिलाने के निर्देश दिए गए।

यह भी पढ़ें 👉  सीएम धामी ने 5 साल की उपलब्धियों पर आधारित विशेष एल्बम गीत का किया विमोचन; विकास यात्रा को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास बताया सराहनीय

बैठक में संयुक्त निदेशक कृषि, पी.के. सिंह ने बताया कि मंडल में 1502 कृषि-उद्यान क्लस्टरों के माध्यम से विभागीय योजनाओं का क्रियान्वयन किया जा रहा है। इन क्लस्टरों को पावर ट्रेलर, माइक्रोन्यूट्रिएंट्स तथा ग्रेडिंग एवं पैकेजिंग मशीनें उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत 3 लाख 75 हजार किसानों का सत्यापन कार्य पूर्ण किया जा चुका है।

Ad_RCHMCT